बिहार के सरकारी विद्यालयों में शिक्षकों और कर्मचारियों के लिए जींस-टीशर्ट पहनकर आने पर लगा दी गई है पाबंदी, शिक्षा विभाग ने विद्यालयों में शालीन व्यवहार और गरिमामयी वातावरण सुनिश्चित करने का दिया है निर्देश
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सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों को निर्देश जारी
पटना (ब्यूरो डेस्क)। बिहार के सभी सरकारी विद्यालयों में शिक्षकों और कर्मियों के जींस-टीशर्ट में आनें जाने पर रोक लग गई है। शिक्षा विभाग ने विद्यालयों एवं अन्य शैक्षणिक संस्थानों में शालीन व्यवहार एवं गरिमामयी वातावरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। बुधवार को शिक्षा विभाग के निदेशक (प्रशासन) व अपर सचिव सुबोध कुमार चौधरी द्वारा सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों को निर्देश जारी किया गया।
जानें क्या कहा गया हैं शिक्षा विभाग के निर्देश में
निर्देश में कहा गया है कि विद्यालयों एवं अन्य शैक्षणिक संस्थानों के गतिविधियों में शालीनता प्रकट करने एवं मर्यादित व्यवहार करने हेतु निर्देश दिया गया था, लेकिन यह देखा जा रहा है कि विद्यालयों व अन्य शैक्षणिक संस्थानों में पदस्थापित शिक्षक एवं कर्मचारी कार्यालय संस्कृति के विरुद्ध अनौपचारिक परिधान (जैसे जींस-टीशर्ट) में आ रहे हैं। निर्देश में कहा गया है कि विद्यालयों-शैक्षणिक संस्थानों में पदस्थापित शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मी शिक्षण-कार्यालय अवधि में गरिमायुक्त औपचारिक परिधान में ही आएंगे। इसका अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश जिला शिक्षा पदाधिकारियों को दिये गये हैं।
शिक्षा पुरस्कार के लिए 31 तक करें आवेदन
बिहार में शिक्षा के क्षेत्र में दिया जाने वाला 2.50 लाख रुपये के मौलाना अबुल कलाम आजाद शिक्षा पुरस्कार के लिए 31 अक्टूबर तक नामांकन मांगा गया है। यह पुरस्कार हर साल 11 नवंबर को दिया जाता है। यह पुरस्कार बिहार के ऐसे महिला-पुरुष को दिया जाता है, जो अपनी नौकरी या अन्य औपचारिक दायित्व से बाहर जाकर बिहार के बच्चों की शिक्षा के लिए उत्कृष्ट कार्य करते हैं।
रिपोर्ट- ब्यूरो डेस्क पटना

