सिकंदरपुर (बलिया) थाना क्षेत्र के खानचक (बंगरा) में शौचालय निर्माण के दौरान दो पाटीदारों के आपसी जमीनी विवाद के चलते मारपीट हो गई, जिसमें जिला अस्पताल में इलाज के दौरान एक वृद्ध महिला ने दम तोड़ दिया। पुलिस ने शव को कब्जे लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मामले की सूचना मिलने पर पुलिस छानबीन में जुट गई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार खानचक निवासी मकुरधन और धर्मदेव खरवार के बीच पैतृक जमीन को लेकर पहले से ही विवाद चला आ रहा है, जिसमें मकुरधन द्वारा अपने हिस्से की जमीन पर मंगलवार की दोपहर शौचालय की टंकी का निर्माण करने के लिए खुदाई किया जा रहा था कि उनके पाटीदार धर्मदेव खरवार की 55 वर्षीय पत्नी मुचनी देवी रोकने के लिए चली गई। इस दौरान मकुरधन के परिजनों का आरोप आरोप है कि मुचनी देवी ने करकट को उतारकर फेंकना शुरू कर दिया तथा दीवाल को तोड़ना शुरू कर दिया। जिसका मकुरधन के परिवार की महिलाओं ने विरोध किया, जिससे विवाद बढ़ता गया और दोनों के बीच मारपीट होने लगी। इस दौरान धर्मदेव के परिजनों ने आरोप लगाया कि उन्होंने मुचनी देवी को बुरी तरह से मारपीट कर घायल कर दिया। जिसे उनके परिजनों द्वारा किसी तरीके से वहां से हटाया गया। इस दौरान धर्मदेव के परिजनों का आरोप है कि उन्होंने तत्काल थाने पहुंचकर पुलिस को अवगत कराया परंतु पुलिस ने उन्हें वहां से भगा दिया। जिसके बाद परिजन तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिकंदरपुर लेकर चले गए। जहां से प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टर ने मुचनी देवी को सदर अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। जहां पर इलाज के दौरान मंगलवार की देर रात मुचनी देवी की मौत हो गई। मौत की सूचना मिलते ही चौकी प्रभारी अमरजीत यादव बुधवार की सुबह मौके पर पहुंचकर छानबीन में जुट गए। इस दौरान मुकुरधन के परिजनों ने बताया कि मुचनी देवी पहले से बीमार चल रही थी। तोड़फोड़ करते समय वह वहीं गिर गई जिससे उनकी तबीयत और खराब हो गई। इस दौरान क्षेत्राधिकारी पवन कुमार सिंह ने बताया कि मुचनी देवी की तबीयत पहले से ही खराब चल रही थी, जिसे परिजन अस्पताल में भर्ती कराए थे, जहां तबीयत खराब होने की वजह से उनकी मौत हुई है। अब पोस्टमार्टम के बाद ही सही स्थिति स्पष्ट हो पायेगी।
वहीं महिला का शव जिला अस्पताल से वुधवार की शाम आने के बाद गांव के महिला व पुरुषों द्वारा बस स्टेशन चौराहा पर जाम लगाने का प्रयास पुलिस ने विफल कर दिया। हुआ यूं कि शव का पोस्टमार्टम के होने के बाद बलिया से शव आने के बाद गांव के पुरुष व महिला उसे लेकर चौराहे पर पहुँच गई और जाम लगाने का प्रयास करने लगे। इस दौरान मौके पर मौजूद पुलिस बल ने पहले तो जाम लगने से उन्हें मना किया किन्तु वे जब नहीं माने तो पुलिस ने लाठी व डंडा पटकते हुए उन्हें खदेड़ना शुरू किया। जिससे मौके पर भगदड़ की स्थिति पैदा हो गई और जाम लगाने वाले मौके से शव लेकर भाग गए।
रिपोर्ट- बलिया ब्यूरों लोकेश्वर पाण्डेय

