मनियर (बलिया) नगर पंचायत मनियर के परशुराम मन्दिर के पिछे बहेरा नाले के पास लाखों रूपये की लागत से बना मुक्ति धाम रविवार को धराशायी हो गया। जहाँ पर देखने वालो को ताता लग गया। इसकी सूचना नगर वासियों ने उच्च अधिकारियों से की। गौरतलब हो कि जनता की मांग पर नगर पंचायत मनियर द्वारा परशुराम मन्दिर के पिछे बहरे नाले पर 10 जून 2017 को मुक्ति धाम (शव दाह गृह) लगभग चालीस लाख की लागत से बनकर तैयार हुआ। जहाँ पर नगर पंचायत सहित ग्रामीण क्षेत्रों के शव दफनाया जाता है। जो रविवार को अचानक भरभरा कर गिर गया। यह बात जानकारी होने पर नगर वासियों के देखने के लिए भीड़ जुटने लगी।लोगों के माने तो नगर पंचायत के तरफ से मरम्मत कार्य होने तक शव दाह गृह पर दफनाने से रोक लगाते हुए मेन गेट पर ताला लटका दिया गया है लोगों ने इसकी सूचना उच्च अधिकारियों से अवगत कराया। वहीं मुक्ति घाम धराशायी होने से नगर में तरह तरह की चर्चा व्याप्त रही लोगो के माने दो साल के भीतर ही नगर पंचायत मे बने मुक्ति धाम के धराशायी होने पर गुणवत्ता विहीन कार्य पर भी सवाल उठा रहे है। तो कुछ लोग वर्षांत व नदी के पानी के दबाव के चलते धराशायी होने की वजह बताया जा रहा है।
दाह संस्कार के लिए लोगों की बड़ी मुश्किलें-
नगर पंचायत मे बने मुक्ति घाम इतने कम समय में धराशायी होने से इस वर्षांत के समय में नगर पंचायत सहित ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों के आगे विकट समस्या उत्पन्न हो गयी है क्योंकि भारी बारिश के कारण कहीं भी शव दफनाने की जगह नहीं है मात्र यही एक एैसा जगह था कि जहां पर लोग शव को मुखाग्नि देते हैं। मुक्ति धाम पर लगे ताला ने लोगों में परेशानीया बढ़ा दी है।
रिपोर्ट- बलिया ब्यूरों लोकेश्वर पाण्डेय

