रतसर (बलिया) स्थानीय कस्बा क्षेत्र के रक्सा,रतसर निवासी रविशंकर सिंह एडवोकेट (सचिव राजवंशी देवी स्मृति सेवा संस्थान, रक्सा, रतसर) ने बृहस्पतिवार को "खबरें आजतक Live" से एक भेंट वार्ता के दौरान बताया कि जहाँ एक ओर सरकार पर्यावरण संरक्षण पर जोर दे रही है वही दूसरी तरफ सरकारी कारिंदों की शह पर लकडकसाइयों द्वारा अवैध रूप से पेड़ो की कटाई करके प्रकृति का दोहन किया जा रहा है ।वन विभाग के क्षेत्रीय अधिकारियों से मिलीभगत से लकडकसाइयों द्वारा फलदार वृक्ष भी काटे जा रहे है ।उन्होंने बताया कि 20 मार्च 2019 को ख़बरे आजतक Live को दिए अपने भेंटवार्ता में हरे पेड़ों की कटाई बंद न होने पर आमरण अनशन करने व 6 परमिट पर 13 फलदार आम,महुआ जैसे पेड़ काट दिए गए तथा इसके बाबत डी एफ ओ कार्यालय को प्रार्थना पत्र दिये जकने के पश्चात डी एफ ओ ने क्षेत्रीय वन दारोगा हृदयानंद व अपने स्टेनो को जांच करने हेतु भेजा, इसपर वन दरोगा शिकायतकर्ता से ही भिड़ गए व माँ-बहन की भद्दी -भद्दी गालियों की बौछार होने लगी जिसका विडियो भी वायरल हुआ ।
रविशंकर सिंह एडवोकेट ने बताया कि आये दिन उन्हें वन दरोगा व लकडकसाइयों की तरफ से जान से मारने की धमकी मिलती रहती है ।उन्होंने कहा कि उन्हें प्राणों की चिंता नही है ।यदि मेरे प्राण जाने से एक पेड़ बचता है तो मैं अपने आप को शौभाग्यशाली समझूंगा ।
रविशंकर सिंह ने बताया की अभी वन दरोगा द्वारा गाली गलौज का मामला चल ही रहा था कि खेजुरी थानांतर्गत खड़सरा -जिगिरिसड मोड़ के दक्षिण करीब 30 पेड़ों को जे सी बी द्वारा उखाड़ दिया गया जिसमें FIR दर्ज हो गयी है ।यह पूछे जाने पर की आप इस मामले में क्या चाहते है पर उन्होंने बताया कि मेरा व मेरे संस्थान का केवल यह उद्देश्य है कि हरे पेड़ों की कटाई बंद होनी चाहिये और दोषियों के खिलाफ विधिसम्मत कठोर कार्यवाही होनी चाहिए ।
बताते चले कि पर्यावरण के संरक्षण हेतु रविशंकर सिंह लगातार हरे पेड़ों की अवैध कटाई के खिलाफ एक मुहिम चला रखे है।
रिपोर्ट- संवाददाता डॉ अभिषेक पाण्डेय

